हर परिवार में अब हाई बीपी या शुगर का मरीज होना आम बात हो गई है। लेकिन सुबह की टहलनी इन दोनों को जड़ से काबू करने का प्राकृतिक तरीका है। आयुर्वेद और साइंस दोनों इसे संजीवनी बूटी की संज्ञा देते हैं।
सुबह की ताजी हवा शरीर में बायोरिदम को सक्रिय कर नेचुरल इंसुलिन पैदा करती है। तेज चाल से चलने पर मसल्स ब्लड शुगर को जल्दी एनर्जी में तब्दील कर देते हैं, ठीक वैसे ही जैसे दवा करती है।
रक्त प्रवाह तेज होने से नाइट्रिक ऑक्साइड लेवल ऊंचा होता है। यह बीपी को नियंत्रित रख धमनियों को मजबूत बनाता है। अध्ययनों से साबित है कि 90 दिनों में 30 मिनट सैर से शुगर कंट्रोल हो जाती है।
दिल की सेहत में भी सुधार आता है। एचडीएल कोलेस्ट्रॉल बढ़ता है, जो हार्ट अटैक से बचाव करता है। प्रदूषण से बचने को ब्रह्म मुहूर्त ही चुनें, जब ऑक्सीजन भरपूर हो।
तरीका महत्वपूर्ण: ब्रिस्क लंबे स्टेप्स लें, सांस फूले नहीं। न्यूनतम 45-60 मिनट वॉक करें। शुरुआत आधी घंटे से करें, फिर तेजी लाएं। यह दिनभर ताजगी देगी। आज से अपनाएं यह आदत।