राज्य सरकार के नवीनतम निर्णय से सोमनाथ स्वाभिमान पर्व की अवधि 15 जनवरी तक बढ़ा दी गई है। अरब सागर तट पर स्थित इस प्राचीन मंदिर का यह उत्सव राष्ट्रीय गौरव का प्रतीक है।
कैबिनेट बैठक में लिए गए इस फैसले से उत्सव को नई ऊंचाइयां मिलेंगी। भक्तों के लिए विशेष आरती, भजन संध्या और विरासत प्रदर्शनी का आयोजन होगा। स्कूल-कॉलेज के छात्र भी इसमें भाग लेंगे।
मंदिर के पुनर्निर्माण की कहानी प्रेरणादायक है। आक्रमणकारियों द्वारा सात बार नष्ट किए जाने के बाद भी यह अटल खड़ा है। वर्तमान पर्व में आधुनिक संरक्षण तकनीकों का प्रदर्शन होगा।
परिवहन और ठहरने की व्यवस्था उन्नत की गई है। ऑनलाइन पंजीकरण और हेल्पलाइन सुविधाएं उपलब्ध हैं। पर्यटन विभाग आर्थिक उन्नति की उम्मीद कर रहा है।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों में लोकनृत्य, सेमिनार और लाइट-शो प्रमुख होंगे। महिला सशक्तीकरण पर विशेष सत्र आयोजित होंगे।
यह विस्तार गुजरात की सांस्कृतिक प्रतिबद्धता दर्शाता है। सोमनाथ का स्वाभिमान पर्व सभी को एकजुट करेगा।