मध्य पूर्व में तनाव चरम पर। अमेरिका ने ईरान को अंधाधुंध मिसाइल हमलों का दोषी ठहराते हुए उसके मोबाइल लॉन्चरों पर हवाई हमलों का वीडियो मंगलवार को सार्वजनिक किया। यूएस सेंट्रल कमांड के अनुसार, ईरान बिना सोचे-समझे मिसाइलें दागकर क्षेत्र को अस्थिर करने पर तुला है।
अमेरिकी सेना का कहना है कि ईरानी लॉन्चर अलग-अलग जगहों से संचालित हो रहे हैं, जिससे अधिकतम नुकसान हो रहा। ‘खतरे का पता चलते ही हम तत्काल कार्रवाई करते हैं,’ अधिकारियों ने कहा। वीडियो में साफ दिखा कि कैसे अमेरिकी विमानों ने इन लॉन्चरों को ध्वस्त कर दिया।
यूएस-इजरायल कार्रवाइयों के प्रतिशोध में ईरान ने खाड़ी राष्ट्रों पर मिसाइलें ताबड़ाज़ किया। अमेरिकी अड्डों का दावा कर हमले किए गए, लेकिन कतर, ओमान, यूएई, जॉर्डन के विमानपत्तनों पर असर पड़ा। इन देशों ने एकजुट होकर विरोध जताया।
संयुक्त राष्ट्र में ईरान के दूत अली बहरेनी ने जिनेवा से चेतावनी दी कि ईरान-विरोधी गतिविधियों में लिप्त पड़ोसी निशाने पर होंगे। ‘आक्रामकता बंद होने तक हमारी रक्षा जारी रहेगी,’ उन्होंने संवाददाताओं से कहा।
राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान ने सोशल मीडिया पर पलटवार किया। एक्स पर पोस्ट में उन्होंने कहा, ‘प्रदेशीय अधिकारियों को सौंपकर फैसले स्थानीय परिस्थितियों के अनुरूप तेजी से लिए जा रहे।’ अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप के 48 शीर्ष ईरानी नेताओं को मार गिराने के दावे को यह खारिज करता है।
मिसाइल युद्ध के दौर में तेल कीमतें प्रभावित हो रही हैं। अंतरराष्ट्रीय समुदाय चिंतित है कि यह संघर्ष व्यापक युद्ध में बदल सकता है। शांति प्रयासों को गति देने की मांग बढ़ रही है।