यूएस-इजरायल हमलों की चपेट में ईरान का मौतें 555 के पार पहुंच गईं, रेड क्रिसेंट के अनुसार। तीसरे दिन भी इंटरनेट पर 48 घंटे से अधिक का अंधेरा छाया हुआ है, जो नेटब्लॉक्स के मुताबिक दमन का हथियार है।
तेहरान में नए विस्फोटों ने दहशत फैला दी। सनंदाज शहर के आबादी वाले इलाकों पर मिसाइल बरसाए गए, तस्नीम ने मलबे में बचाव कार्य की तस्वीरें साझा कीं। आईआरएनए ने वहां तीन मौतें दर्ज कीं। तेहरान के गांधी अस्पताल को भारी नुकसान पहुंचा, मरीज सड़क पर उतारे गए—आईआरआईबी के वीडियो में तबाही साफ दिखी।
चीन के विदेश मंत्रालय ने एक नागरिक की शहादत की पुष्टि की। माओ निंग ने परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की और कहा कि 3,000 से करीब चीनी नागरिक ईरान से बाहर लाए जा चुके हैं। ईरान जवाबी कार्रवाई में अमेरिकी अड्डों पर निशाना साध रहा है, मगर नागरिक हानि चिंताजनक स्तर पर है।
संचार ठप होने से सच्चाई सामने आना मुश्किल हो गया। दुनिया इस हिंसा के चक्र को तोड़ने की मांग कर रही है, ताकि और जानें न जाएं।