प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अबू धाबी के क्राउन प्रिंस शेख खालिद बिन मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान के साथ गुरुवार को नई दिल्ली में अहम बैठक हुई। इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट के दौरान केंद्रित यह संवाद कृत्रिम बुद्धिमत्ता में दोनों देशों के सहयोग को विस्तार देने पर केंद्रित रहा।
विदेश मंत्रालय के अनुसार, नेताओं ने भारत-यूएई के पुराने रिश्तों का जिक्र किया और बहु-क्षेत्रीय उपलब्धियों पर प्रसन्नता व्यक्त की। एआई सहयोग के नए रास्तों पर गहन विचार हुआ, जो वैश्विक तकनीकी मंच पर दोनों की मजबूत स्थिति को मजबूत करेगा।
शेख खालिद बुधवार देर शाम राजधानी उतरे, उनका स्वागत ग्रामीण विकास व संचार राज्य मंत्री चंद्रशेखर पेम्मासानी ने किया। MEA की एक्स पोस्ट ने दोनों को एआई के स्मार्ट भविष्य के लिए एकजुट बताया।
पीएम मोदी ने भारत मंडपम में समिट का शुभारंभ किया। अंतरराष्ट्रीय अतिथियों को कहा कि ग्लोबल साउथ के लिए यह ऐतिहासिक क्षण है। बदलते तकनीकी परिदृश्य में नैतिक एआई अपनाने की आवश्यकता पर जोर दिया।
भारत को दुनिया की एक छठाई आबादी वाला युवा तकनीकी हब बताते हुए मोदी ने वैश्विक नेताओं व इनोवेटर्स का स्वागत किया। पृष्ठभूमि में एआई आधारित साइन लैंग्वेज इंटरप्रिटेशन ने चर्चा के विषयों को जीवंत रूप दिया।
यह समिट एआई क्षेत्र के शीर्षस्थ लोगों को एक मंच पर ला रहा है। मोदी-खालिद संवाद से भारत-यूएई के बीच रणनीतिक साझेदारी और सशक्त होगी, जो वैश्विक नवाचारों को नई दिशा देगी।