चीन ने यूरोपीय संघ के डेयरी आयात पर सब्सिडी विरोधी कर लगाने का अंतिम फैसला सुनाया है। 13 फरवरी 2026 से शुरू होकर पांच साल तक यह शुल्क लागू रहेगा। वाणिज्य मंत्रालय की लंबी जांच ने यूरोपीय सब्सिडी को घरेलू उद्योग के नुकसान का कारण बताया।
21 अगस्त 2024 को शुरू हुई जांच के प्रारंभिक नतीजे दिसंबर 2025 में आए। सब्सिडी, नुकसान और संबंध की पुष्टि हुई। अब अंतिम चरण पूरा होने से टैरिफ आयोग ने हरी झंडी दी।
चीनी डेयरी क्षेत्र को इससे नई जान मिलेगी। आयातित सस्ते माल से बाजार डूब रहा था, अब संतुलन बनेगा। किसान और उद्यमी उत्साहित हैं, निवेश बढ़ने की उम्मीद।
यूरोप के निर्यातकों के लिए चुनौती। वे अब वैकल्पिक बाजार तलाशेंगे या बातचीत करेंगे। चीन की यह कार्रवाई डब्ल्यूटीओ नियमों के अनुरूप है।
बाजार विशेषज्ञों के मुताबिक, इससे खाद्य सुरक्षा मजबूत होगी। उपभोक्ता मूल्य स्थिर रहेंगे। वैश्विक व्यापार में चीन का प्रभाव बढ़ रहा है।