फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने दावोस में ग्रीनलैंड में नाटो सैन्य अभ्यास का समर्थन किया, फ्रांस की सक्रिय भूमिका का वादा किया। ट्रंप के संभावित वित्त मंत्री स्कॉट बेसेंट ने इसे खारिज करते हुए मैक्रों से अपने देश के खराब बजट की चिंता करने को कहा।
स्थानीय रिपोर्ट्स के मुताबिक मैक्रों कार्यालय ने बुधवार को इसकी पुष्टि की। दावोस में बेसेंट ने तंज कसते हुए सलाह दी कि फ्रांस को आर्थिक संकट और नागरिकों की भलाई पर जोर देना चाहिए।
ट्रंप की ग्रीनलैंड खरीदने की कोशिशों के बीच यह बयान महत्वपूर्ण है। मैक्रों ने पहले ट्रंप की टैरिफ चेतावनियों को मूर्खतापूर्ण बताया और उनके शांति मंच को यूएन का मुकाबला न मानने की बात कही।
नाटो प्रमुखों ने आगाह किया कि यह रणनीति गठबंधन के लिए खतरा है। ट्रंप द्वारा साझा मैक्रों-रुट्टे के मैसेज ने बहस को और गरमा दिया।
ट्रांस-अटलांटिक संबंधों में तनाव बढ़ रहा है, जहां अमेरिकी दबाव और यूरोपीय महत्वाकांक्षाएं टकरा रही हैं। ग्रीनलैंड का मुद्दा नाटो की एकजुटता की परीक्षा बन गया है।