खैबर पख्तूनख्वा के उत्तरी वजीरिस्तान में कुर्रम नदी के ऊपर बने रणनीतिक पुल को अज्ञात संन्यासियों ने बुधवार सुबह विस्फोट से उड़ा दिया। शेवा तहसील में हुई इस घटना से जिले का बाकी प्रांत से भौतिक जुड़ाव टूट गया, जिसमें मीरानशाह और बन्नू भी शामिल हैं।
धमाके की तीव्र आवाज ने पूरे इलाके को हिला दिया। घबराए ग्रामीणों के बीच पुलिस और सेना ने साइट को सील कर लिया। अभी तक किसी संगठन ने जिम्मेदारी नहीं ली है।
पुल के नष्ट होने से आम जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया। व्यापार, शिक्षा, चिकित्सा और सरकारी सेवाओं पर गहरा असर पड़ा है। वैकल्पिक रास्ते दुर्गम होने से परेशानी और बढ़ गई है।
प्रांत में इंफ्रास्ट्रक्चर पर हमले सिलसिले के रूप में हो रहे हैं। पिछले साल दिसंबर में बन्नू में समान घटना घटी। मीर अली में हाल ही स्कूलों को निशाना बनाया गया। मानवाधिकार आयोग ने सुरक्षा हालात पर गंभीर सवाल उठाए हैं।
आफगान सीमा से सटे इस संवेदनशील क्षेत्र में शांति बहाल करना चुनौतीपूर्ण है। सरकार को तत्काल कदम उठाने होंगे।