16वें रूस-भारत बिजनेस डायलॉग में मॉस्को ने 1250 से ज्यादा लोगों को एक मंच पर लाकर द्विपक्षीय व्यापार को नई ऊंचाइयों पर पहुंचाने का संदेश दिया। इंडियन बिजनेस अलायंस, बिजनेस काउंसिल फॉर कोऑपरेशन विद इंडिया, मॉस्को प्रशासन और रोस्कांग्रेस द्वारा संचालित यह सम्मेलन सेंट पीटर्सबर्ग फोरम जैसे वैश्विक आयोजनों में सहयोग को निरंतर बनाए रखने पर प्रतिबद्ध है।
प्रमुख चर्चाओं में व्यापार असंतुलन दूर करना, ढुलाई व वित्तीय सुरक्षा मजबूत करना, औद्योगिक सहकार्य, आयात पर निर्भरता कम करना तथा ऊर्जा, तकनीक और इनोवेशन में साझा प्रयास प्रमुख रहे। औद्योगिक, ऊर्जा, फार्मा और डिजिटल क्षेत्रों के प्रोजेक्ट्स पर अमल का रोडमैप तैयार किया गया।
मॉस्को के मंत्री सर्गेई चेरेमिन ने पिछले एक साल में 50+ संयुक्त कार्यक्रमों का जिक्र करते हुए कहा कि फोकस अब रूस में भारतीय निवेश, उद्योग सहयोग, दवा-इलेक्ट्रॉनिक्स विकास, रचनात्मक क्षेत्रों, आपसी निवेश और हाई-टेक सप्लाई पर है।
आईबीए चेयरमैन सैमी कोटवानी ने इसे क्षेत्रीय आवश्यकताओं पर आधारित रणनीतिक साझेदारी का प्रतीक बताया। रोस्कांग्रेस के अलेक्सी वाल्कोव ने भारत की सक्रिय भागीदारी की तारीफ की। यह आयोजन भारत-रूस आर्थिक संबंधों के दीर्घकालिक विश्वास को पुख्ता करता है।