तेल अवीव से बड़ी खबर, जहां प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने ईरान के भविष्य पर सकारात्मक टिप्पणी की है। आंदोलनों से जूझते ईरान में सरकार गिरने पर इजरायल के साथ साझेदारी की बात कही। कैबिनेट में उन्होंने ईरानी जनता का समर्थन किया।
नेतन्याहू ने कहा कि अत्याचारी शासन के खात्मे के बाद इजरायल और ईरान शांति व विकास के लिए एकजुट होंगे। प्रदर्शनों में बढ़ती हिंसा और हादसे चिंता का विषय बने हैं, लेकिन नेतन्याहू को लगता है कि जल्द ही बदलाव आएगा।
उन्होंने ईरान के बहादुर नागरिकों को भरोसा दिलाया कि सहयोग से नई शुरुआत होगी। यह दृष्टिकोण क्षेत्रीय समीकरण बदल सकता है।
दूसरी ओर, संसद स्पीकर मोहम्मद बागेर कालीबाफ ने ट्रंप की धमकी पर पलटवार किया। लाइव प्रसारण में नारेबाजी के बीच उन्होंने चेताया कि अमेरिका या इजरायल का हमला होने पर जवाबी कार्रवाई होगी।
पूर्व राष्ट्रपति उम्मीदवार कालीबाफ ने पुलिस व गार्डों को बधाई दी और विपक्षियों को कठोर सजा का वादा किया। इजरायल को निशाना बनाते हुए उन्होंने अमेरिकी सैन्य केंद्रों को खतरे में बताया। ईरान का संकट वैश्विक मंच पर चर्चा का केंद्र बना हुआ है।