लेबनान में हिज्बुल्लाह के ठिकानों पर इजरायली हमलों के बाद पीएम नेतन्याहू ने कहा कि समूह का पूर्ण निरस्त्रीकरण अपरिहार्य है। अमेरिकी मध्यस्थता वाले ceasefire में यह शर्त स्पष्ट है।
पीएम कार्यालय ने बयान जारी कर कहा, ‘हिज्बुल्लाह को हथियार त्यागने होंगे—यह इजरायल की रक्षा और लेबनान के कल के लिए जरूरी कदम है।’ लेबनानी प्रयासों को अच्छी शुरुआत माना, लेकिन ईरानी सहयोग से हिज्बुल्लाह की हथियारबंदी को नाकाम बताया।
सोमवार को आईडीएफ ने भूमि ऊपर-नीचे हथियार डिपो और सैन्य केंद्रों पर प्रहार किए। सिडोन के इंडस्ट्रियल जोन में कमर्शियल बिल्डिंग तबाह, चोटें लगीं।
स्थानीय रिपोर्ट्स में चार घरों का विध्वंस, गाड़ियों-दुकानों को भारी क्षति और सड़कों का कायम होना दर्ज। इजरायल का कहना है कि ये हमले आतंकी क्षमताओं को कुचलने के लिए हैं।
हिज्बुल्लाह की हरकतें युद्धविराम को चुनौती दे रही हैं। नेतन्याहू ने वैश्विक दबाव की अपील की ताकि लेबनान में स्थायी शांति सुनिश्चित हो सके।