वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल ने बुधवार को लिकटेंस्टीन की उप पीएम सबाइन मोनाउनी से मुलाकात की, जिसमें द्विपक्षीय आर्थिक संबंधों को सशक्त बनाने पर विचार-विमर्श हुआ।
एक्स पर पोस्ट में गोयल ने व्यापार बढ़ोतरी, इनोवेशन और क्लीन टेक के मौकों पर चर्चा का जिक्र किया। ईएफटीए टीईपीए सक्रिय होने के बाद संबंधों को और सघन बनाने के उपाय खोजे गए।
इस साझेदारी की खासियत पर मंत्री ने बल दिया- भारत का मानव संसाधन, क्षमता और मांग बनाम लिकटेंस्टीन का प्रीमियम मैन्युफैक्चरिंग व इंजीनियरिंग कौशल। नतीजा: व्यापक व्यापार, निवेश और टेक एक्सचेंज।
एक अक्टूबर से भारत-ईएफटीए टीईपीए शुरू होगा, जिसमें चार देश शामिल। ईएफटीए का 100 अरब डॉलर निवेश वादा 15 सालों में 10 लाख नौकरियां लाएगा।
गोयल की ब्रुसेल्स यात्रा भारत-ईयू एफटीए को अंतिम रूप देने के लिए है। दो दिनों की वार्ताएं नई दिल्ली-ब्रुसेल्स के मजबूत रिश्तों को दिखाती हैं।
मारोस सेफकोविक से बातचीत में रणनीतिक निर्देश, विवाद समाधान और तेजी से समझौता होगा। प्रमुख बिंदुओं पर गहन बहस से असहमतियां दूर होंगी।
यह एक हफ्ते की ब्रुसेल्स चर्चाओं का चरम है, जो राजेश अग्रवाल-सबाइन वेयंड की बैठक पर टिकी।
भारत-यूरोप व्यापार गठजोड़ से आर्थिक उछाल की उम्मीद।