नए साल 2026 के पहले दिन बीजिंग से राष्ट्रपति शी जिनपिंग का टेलीविजन संबोधन एक ऐतिहासिक क्षण साबित हुआ। 1.4 अरब चीनी नागरिकों को दिए इस संदेश में शी ने अमेरिका की चिप नीतियों का जवाब देते हुए देश की एआई प्रगति का बखान किया।
वाशिंगटन के प्रतिबंधों का उद्देश्य चीन को तकनीकी रूप से कमजोर करना था, लेकिन परिणाम उलटे आए। शी ने बताया कि चीनी एआई मॉडल शीर्ष दौड़ में हैं और चिप विकास में बड़ी सफलताएं मिली हैं। इससे चीन दुनिया की सबसे तेज नवाचार शक्तियों में शामिल हो गया।
डीपसीक एआई का आर1 मॉडल ओपनएआई को टक्कर दे रहा है, जिसकी घोषणा से एनवीडिया के शेयर 17% लुढ़क गए। निर्यात प्रतिबंधों के बीच मेटाएक्स जैसी कंपनियां चमक रही हैं, जहां चेन वेइलियांग अरबपति क्लब में हैं।
शी ने व्यापारिक बाधाओं को अवसर बताया, जो तकनीकी आत्मनिर्भरता की ओर ले गईं। वैश्विक माहौल चीन के अनुकूल हो रहा है, और यह भाषण उसका प्रमाण है।
यह संदेश न केवल आंतरिक उत्साह बढ़ाता है, बल्कि अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चीन की ताकत का प्रदर्शन करता है। भविष्य में नवाचार की यह गति देश को नई ऊंचाइयों पर ले जाएगी।