चीन ने पाकिस्तान को हंगोर-श्रेणी की तीसरी पनडुब्बी सौंप दी है, जो दोनों देशों के बीच बढ़ते रक्षा संबंधों का हिस्सा है। यह कदम हिंद महासागर क्षेत्र में पाकिस्तान की नौसैनिक क्षमता को बढ़ाने के लिए चीन की व्यापक रणनीति का हिस्सा है। ग्लोबल टाइम्स के अनुसार, पनडुब्बी का जलावतरण समारोह वुहान में आयोजित किया गया। मार्च में दूसरी पनडुब्बी की डिलीवरी के बाद, यह चीन द्वारा पाकिस्तान को प्रदान किए जा रहे सैन्य हार्डवेयर की श्रृंखला का हिस्सा है। यह कदम अरब सागर में चीन की बढ़ती उपस्थिति और ग्वादर बंदरगाह के विकास के साथ मेल खाता है। पाकिस्तानी रक्षा विभाग के अनुसार, हंगोर श्रेणी की पनडुब्बी उन्नत हथियारों और सेंसर से लैस है, जो क्षेत्रीय स्थिरता को बढ़ावा देगी। सिपरी के आंकड़ों से पता चलता है कि चीन पाकिस्तान के लिए प्रमुख सैन्य हार्डवेयर आपूर्तिकर्ता है, जो 81% से अधिक आपूर्ति करता है। हाल के ऑर्डर में जासूसी जहाज, वीटी-4 टैंक और जे-10सीई लड़ाकू विमान शामिल हैं। चीन ने 2022 में जे-10सीई लड़ाकू विमानों की पहली खेप भी सौंपी, जो जेएफ-17 लड़ाकू विमानों के अतिरिक्त है। विशेषज्ञों का मानना है कि हंगोर श्रेणी की पनडुब्बी में पानी के भीतर बेहतर मारक क्षमता है।
Trending
- जापान में भूकंप: नोडा तट पर 6.0 की तीव्रता, सुनामी का खतरा नहीं
- अमेरिकी रिपोर्ट: 2026 में भारत-पाकिस्तान, अफगान-पाक में युद्ध की आशंका
- भारत-बांग्लादेश जल संधि: फरक्का समझौते की अहमियत और भविष्य पर बहस
- नए साल का तोहफा: IGL ने PNG ₹0.70/SCM सस्ता किया
- आतंकवाद से भड़केगा भारत-पाकिस्तान युद्ध? 2026 की चिंताजनक भविष्यवाणी
- जेपी जेल से तीन कैदियों का फरार होना, झारखंड में सुरक्षा पर सवाल
- 14,100 लोगों पर आरपीएफ का शिकंजा: रेल सुरक्षा में अभूतपूर्व कार्रवाई
- दिल्ली-NCR कोहरे की चपेट में: उड़ानों और ट्रेनों का संचालन ठप, यात्री परेशान
