एंथ्रोपिक के मुखिया डारियो अमोदेई ने खुलासा किया कि एआई के प्रभाव से दुनिया हिलने वाली है, लेकिन समाज इसकी तैयारी में पीछे है। निखिल कामथ के पॉडकास्ट पर उन्होंने एआई की प्रगति को सुनामी करार दिया। “लोग इसे देख रहे हैं, लेकिन नकार रहे हैं जैसे यह असली न हो।”
अमोदेई के अनुसार, उद्योगों पर एआई का असर कार्य प्रकार पर आधारित होगा। कोडिंग, गणना और अनुसंधान जैसे तकनीकी क्षेत्र एआई के चपेट में आ रहे हैं। “ये क्षेत्र एआई के लिए आदर्श हैं, जहां यह मानव से बेहतर प्रदर्शन कर रहा है।”
मानवीय भावनाओं और संवेदनशीलता वाले काम लंबे समय तक सुरक्षित रहेंगे। उन्होंने स्पष्ट किया कि ऐसी भूमिकाओं में एआई को अभी लंबा सफर तय करना है।
पॉडकास्ट में डेटा निर्माण की नई प्रक्रिया पर चर्चा हुई। “कोडिंग या मैथ ट्रेनिंग में प्राकृतिक डेटा की जरूरत नहीं, मॉडल खुद डेटा तैयार करते हैं और यह ज्यादा उपयोगी है।”
एआई कोडिंग में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेगा, सॉफ्टवेयर विकास का स्वचालन भी जल्द संभव है। अमोदेई ने सलाह दी कि हर इंडस्ट्री को अपने स्तर पर रणनीति बनानी चाहिए ताकि एआई के लाभ उठाए जा सकें।