भारत के छोटे उद्योगों में भरोसा बढ़ा है, भले वैश्विक चुनौतियां बरकरार हैं। सिडबी आउटलुक सर्वे के अनुसार, 2025 की चौथी तिमाही का एम-बीसीआई 60.8 पर स्थिर, साल भर पहले से बेहतर। घरेलू माहौल ने बड़ा योगदान दिया।
वर्किंग कैपिटल व वित्त पहुंच में उल्लेखनीय तेजी। बिक्री व कारोबार पर सकारात्मक भाव, मांग की मजबूती से।
निर्यातकों में आरबीआई ट्रेड रिलीफ पर 43%, सीजीएसई पर 46% और दोनों पर 37% की रुचि। ये योजनाएं राहत दे रही हैं।
पांचवें संस्करण का सर्वे एमएसएमई की वर्तमान व आने वाली स्थिति का विश्लेषण। लेबर कोड संरचना मजबूत करेंगे, किंतु 34-36% को लागत बढ़ने का डर। दिशानिर्देश व ट्रेनिंग जरूरी।
मैन्युफैक्चरिंग का इंडेक्स 64.1, ट्रेड-सर्विस में नरमी। भविष्य का एम-बीईआई 63.7 व 65.0।
विनिर्माण में कैपिटल पर 46% उत्साह, वित्त पर 47%। अन्य क्षेत्रों में सुधार के संकेत।
तिमाही स्थिरता विकास की कहानी बयां करती है।