भारत और विकासशील देशों के लिए खासतौर पर तैयार हो रहे हैं मेटा के नए एआई मॉडल। चीफ एआई ऑफिसर अलेक्जेंडर वांग ने इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट में बताया कि इस साल कई नए मॉडल लॉन्च होंगे।
पहला मॉडल कुछ ही महीनों में मार्केट में होगा। वांग ने कहा ये मॉडल मेटा के प्रोडक्ट्स के साथ इंटीग्रेट होंगे। कंपनी का लक्ष्य है ‘पर्सनल सुपरइंटेलिजेंस’ – व्यक्तिगत सुपर बुद्धिमत्ता जो आपकी महत्वाकांक्षाओं को समझे।
‘हम चाहते हैं कि एआई आपकी भाषा, संस्कृति और जरूरतों के अनुरूप काम करे। भारत जैसे देशों में विश्वस्तरीय टैलेंट मौजूद है जो सामाजिक समस्याओं का हल निकाल रहा है,’ वांग ने कहा।
उन्होंने सरकार और प्राइवेट कंपनियों के सहयोग की वकालत की। कहा कि तकनीक को लोकल संदर्भ में ढालना जरूरी है।
दूसरी तरफ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने एआई इंडिया समिट में कहा कि एआई सभ्यता परिवर्तनकारी शक्ति है। ‘ये शुरुआती झलक है, असली प्रभाव आगे आएगा।’
पीएम ने जोर देकर कहा, ‘एआई को लेकर दुनिया दो धड़ों में बंटी है। भारत अवसर देखता है, भविष्य देखता है। गर्व के साथ कहता हूं – भारत एआई का भविष्य है।’
मेटा के इस कदम से भारत एआई इनोवेशन का हब बन सकता है।