केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने साइबर-आधारित धोखाधड़ी पर राष्ट्रीय सम्मेलन में कहा कि मजबूत तंत्र बनाना जरूरी है। आई4सी से लेकर पुलिस, सीबीआई, एनआईए, ईडी, टेलीकॉम, बैंक, आईटी मंत्रालय, आरबीआई और अदालतें सब साइबर अपराध घटाने को प्रयासरत हैं।
उन्होंने आई4सी पोर्टल के आंकड़े साझा किए—2020 से 2025 तक 23 करोड़ इस्तेमाल, 82 लाख शिकायतें, 1.84 लाख एफआईआर और कई हल। इससे इसकी लोकप्रियता साफ झलकती है।
मंत्रालय की रणनीति में रीयल-टाइम अलर्ट, लैब नेटवर्क, ट्रेनिंग, अनुसंधान, जागरूकता और ऑनलाइन स्वच्छता है। समन्वय से हम सुरक्षित डिजिटल भारत बना सकेंगे।
आई4सी ने 2019 से एजेंसी समन्वय मजबूत किया, इंफ्रास्ट्रक्चर बनाया और कार्रवाई तेज की। शाह ने सभी की भूमिकाओं की तारीफ की।
डिजिटल उछाल गजब का: इंटरनेट 100 करोड़, ब्रॉडबैंड 16x, डेटा 97% सस्ता, 2 लाख पंचायतें कनेक्ट, यूपीआई 2024 में 233 खरब का कारोबार—वैश्विक डिजिटल भुगतानों का केंद्र भारत।
कार्यक्रम ने फ्रॉड के आकार, प्रवृत्तियों और विकास पर चर्चा कर एकजुट रणनीति पर बल दिया।