डोनाल्ड ट्रंप ने दक्षिण कोरिया पर टैरिफ बढ़ाने की अपनी धमकी को पीछे हटाते हुए कहा कि दोनों देशों के बीच इस विवाद का ‘कुछ तो हल’ निकल आएगा। व्हाइट हाउस में पत्रकारों के सवाल पर ट्रंप का यह बयान व्यापारिक तनाव को कम करने का संकेत देता है।
इस हफ्ते ही ट्रंप ने गाड़ियों, लकड़ी और दवाओं पर 15 से 25 प्रतिशत शुल्क लगाने की बात कही थी। उन्होंने सियोल पर व्यापार समझौते के कानूनों को लागू करने में विलंब का आरोप लगाया। लेकिन अब बातचीत की राह खुलने की उम्मीद बंधी है। दक्षिण कोरिया के उद्योग मंत्री अमेरिका आकर वाणिज्य मंत्री से चर्चा करेंगे।
समझौता जुलाई में शुरू हुआ था, जिसमें सियोल ने 350 अरब डॉलर का निवेश वादा किया। अमेरिका ने इसके जवाब में टैरिफ कम किए थे। व्हाइट हाउस अधिकारी ने कहा कि सियोल की ओर से कोई प्रगति नहीं हुई। कूपांग के डेटा विवाद और डिजिटल कंपनियों पर सख्ती से अमेरिका परेशान है।
डॉलर के मुकाबले वॉन की गिरती कीमत निवेश लक्ष्यों को मुश्किल बना रही है। ट्रंप प्रशासन की यह लचक दोनों देशों के आर्थिक रिश्तों को मजबूत करने में मददगार साबित हो सकती है। बाजार प्रतिभागी इन वार्ताओं पर नजर रखे हुए हैं, क्योंकि इसका असर एशियाई व्यापार पर पड़ेगा। क्या यह विवाद शांतिपूर्ण तरीके से सुलझेगा?