पूर्व आईपीएल प्रमुख ललित मोदी ने पुष्टि की कि रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु के लिए दी जा रही बोली 1.75 बिलियन डॉलर के स्तर को छू चुकी है। मैनचेस्टर यूनाइटेड के एवराम ग्लेजर जैसे दिग्गजों की दिलचस्पी ने सौदे को रोमांचक बना दिया है।
मौजूदा वैल्यूएशन 74 मैचों पर आधारित है, मगर मोदी 94 मुकाबलों वाले फॉर्मेट को भविष्य का आधार मानते हैं। लीग की प्रारंभिक कल्पना इसी पूर्ण होम-एंड-अवे टूर्नामेंट की थी, जो टीमों के दाम और कुल आय में क्रांतिकारी वृद्धि लाएगा।
बीसीसीआई को मजबूत करने के लिए यह जरूरी है, क्योंकि आईसीसी से हिस्सा 50-60 फीसदी कम हो सकता है और द्विपक्षीय अधिकारों की आय निम्नतर। आईपीएल इन नुकसानों पर भारी पड़ेगा। आने वाले मीडिया अधिकारों का मूल्य दोगुना होगा, मोदी आश्वस्त हैं।
दुनिया भर में व्यस्त शेड्यूल और खिलाड़ी थकान से अंतरराष्ट्रीय मैच कम होंगे। टी20 लीगों की मोटी कमाई सितारों को बांधेगी। बीसीसीआई इस बदलाव का सबसे बड़ा फायदा उठाएगा। उन्होंने व्यंग्यपूर्ण लहजे में कहा, ‘वे भारतीय क्रिकेट से बेहद स्नेह रखते हैं।’
यह घटनाक्रम आईपीएल को वैश्विक क्रिकेट की आर्थिक शक्ति बना रहा है।