चीनी राष्ट्रपति शी चिनफिंग ने भ्रष्टाचार को जड़ से उखाड़ने का संकल्प दोहराया है, जो 15वीं पंचवर्षीय योजना के कार्यान्वयन के लिए अनिवार्य है। केंद्रीय अनुशासन निरीक्षण आयोग के 12 जनवरी के सत्र में उन्होंने कहा कि पिछले साल उल्लेखनीय उपलब्धियां हुईं, मगर संघर्ष जारी है।
भ्रष्टाचार विकास प्रक्रिया को नुकसान पहुंचाता है, इसलिए दोषी अधिकारियों को किसी भी प्रकार का संरक्षण नहीं मिलेगा। शी ने पांच वर्षीय अवधि को समाजवादी आधुनिकीकरण की आधारशिला स्थापित करने का महत्वपूर्ण चरण करार दिया।
इस लड़ाई को नई तीव्रता और दृढ़ता से लड़ना होगा ताकि योजना के उद्देश्य पूरे हों। इस साल एनपीसी व सीपीपीसीसी के दो सत्रों में योजना को मंजूरी मिलेगी तथा 2026 से इसका अमल शुरू होगा।
आयोग के सत्र ने आर्थिक व सामाजिक प्रगति को प्राथमिकता पर रखा है। चीन को वैश्विक मंदी के दौर में मजबूत नेतृत्व की जरूरत है। यह संदेश पार्टी की आत्म-शुद्धिकरण की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
योजना में नवाचार, सतत विकास व समान समृद्धि जैसे क्षेत्र शामिल हैं, जिनके लिए शुद्ध शासन जरूरी है। आने वाले दिनों में कठोर निगरानी व दंड व्यवस्था मजबूत होगी। दो सत्र इस दिशा में नई नीतियां घोषित कर सकते हैं।