विराट कोहली का जादू फिर चला। टेस्ट क्रिकेट में उन्होंने सचिन तेंदुलकर, वीरेंद्र सहवाग और रिकी पोंटिंग जैसे दिग्गजों को रनों में पछाड़ दिया। यह रिकॉर्ड तोड़ते हुए कोहली ने साबित कर दिया कि वे वर्तमान पीढ़ी के सर्वश्रेष्ठ बल्लेबाज हैं।
कोहली की यात्रा प्रेरणादायक रही है। डेब्यू से लेकर अब तक, उन्होंने हर चुनौती को स्वीकार किया। कठोर ट्रेनिंग, बेहतरीन फिटनेस और सही शॉट सिलेक्शन ने उन्हें इस मुकाम तक पहुंचाया। तेंदुलकर की दीर्घायु, सहवाग की तेजी और पोंटिंग की चतुराई को पार करना गजब का प्रदर्शन है।
महत्वपूर्ण मुकाबले में कोहली ने अकेले दम पर पारी संभाली। उनके अनफिट नॉक ने न सिर्फ रिकॉर्ड बनाया बल्कि टीम को विजयी बनाया। क्रिकेट प्रेमी उनके खेल की तारीफ कर रहे हैं।
यह उपलब्धि भारतीय क्रिकेट के लिए गौरवपूर्ण है। कोहली अब दुनिया के टॉप बल्लेबाजों में शुमार हैं। भविष्य की सीरीज में वे और रिकॉर्ड तोड़ने को बेताब हैं। प्रशंसक उनका इंतजार कर रहे हैं।