सर्राफा बाजारों में चांदी ने इतिहास रच दिया। लगातार तेजी के दौर में यह धातु नया रिकॉर्ड बना चुकी है, जबकि सोने के भावों में हल्की गिरावट दर्ज की गई। यह बदलाव निवेशकों के लिए महत्वपूर्ण संकेत दे रहा है।
मुंबई और दिल्ली के प्रमुख बाजारों में चांदी 92700 रुपये प्रति किलोग्राम के स्तर को पार कर गई। अंतरराष्ट्रीय बेंचमार्क 35.25 डॉलर प्रति औंस पर पहुंचा, जो अब तक का सबसे ऊंचा भाव है। 2.3 प्रतिशत की इस छलांग ने ट्रेडर्स को चौंका दिया।
सोना आज 0.4 प्रतिशत फिसलकर 75150 रुपये प्रति 10 ग्राम पर बंद हुआ। वैश्विक स्तर पर कॉमेक्स गोल्ड 2648 डॉलर के आसपास नजर आया। डॉलर इंडेक्स की मजबूती और शेयर बाजार की चमक ने पीली धातु पर भारी पड़ी।
चांदी के इस उछाल के पीछे सोलर एनर्जी, इलेक्ट्रिक वाहन और 5G जैसे क्षेत्रों की मांग प्रमुख है। खदान उत्पादन में कमी से आपूर्ति घाटा बढ़ रहा है, जो भावों को समर्थन दे रहा।
सोने की स्थिति अभी स्थिर है। जियोपॉलिटिकल तनाव और महंगाई चिंताएं इसे लंबे समय तक आकर्षक बनाए रखेंगी। एक्सपर्ट्स का कहना है कि अगले कुछ दिनों में अमेरिकी आर्थिक आंकड़े दिशा तय करेंगे।
निवेशकों के लिए चांदी अब आकर्षक विकल्प बन रही है, वहीं सोने में डिप खरीदारी का मौका दे रही गिरावट सकारात्मक संकेत है। बाजार की नजरें अब महत्वपूर्ण डेटा पर टिकी हैं।