गैर-जीवाश्म ईंधन से भारत की बिजली उत्पादन क्षमता रिकॉर्ड 266.78 गीगावाट हो गई। ऊर्जा मंत्री प्रल्हाद जोशी के इस बयान ने देशभर में उत्साह भर दिया। यह वैश्विक हरित ऊर्जा प्रयासों में भारत की मजबूत भूमिका दिखाता है।
कुल क्षमता में नवीकरणीय का हिस्सा आधे से अधिक। सौर मिशन, हाइब्रिड प्रोजेक्ट्स ने वृद्धि दी। जोशी ने पीएम मोदी के नेतृत्व की सराहना की।
सौर 85 गीगावाट से ऊपर, पवन 47 पर। दक्षिणी राज्य पवन में आगे। निवेश 100 अरब डॉलर पार।
2030 के 450 गीगावाट लक्ष्य पर जोर। ग्रीन हाइड्रोजन, ऑफशोर विंड नई संभावनाएं। ग्रिड एकीकरण पर फोकस।
पर्यावरण, रोजगार लाभ। कोप सम्मेलनों में मजबूत स्थिति। भारत का सफर प्रेरणादायक।