स्क्वैश कोर्ट पर इतिहास रचते हुए भारत की 16 वर्षीय अनाहत सिंह ब्रिटिश जूनियर ओपन के गर्ल्स यू-17 फाइनल में पहुंचीं, लेकिन मिस्र की नंबर वन अमिना ओर्फी से थ्रिलर मुकाबले में हार गईं। पांच गेम चले इस मैच ने दर्शकों को बांधे रखा।
यूनिवर्सिटी ऑफ बर्मिंघम में खेले गए टूर्नामेंट में अनाहत ने शुरुआती राउंड्स में धमाल मचाया। क्वार्टर में मलेशिया की रेचल आर्नोल्ड को 11-5, 11-7, 11-9 और सेमी में इंग्लैंड की चार्लोट फोस्टर को 11-8, 11-6, 11-4 से हराया। उनकी सहनशक्ति और रणनीति लाजवाब रही।
फाइनल का पहला गेम अनाहत ने जोश के साथ 11-9 जीता। ओर्फी ने पावर से दूसरा 11-7 ले लिया। तीसरा गेम 12-10 से अनाहत का। चौथा गेम 11-5 से ओर्फी का। आखिरी गेम में 10-10 पर पहुंचने के बाद ओर्फी ने दो महत्वपूर्ण पॉइंट्स जीतकर 12-10 से टाइटल अपने नाम किया।
चांदी जीतकर अनाहत ने विश्व जूनियर रैंकिंग में छलांग लगाई। पूर्व चैंपियन सौरव घोषाल ने उनकी तारीफ की, ‘ये भविष्य की विश्व चैंपियन हैं।’ नेशनल गेम्स में गोल्ड जीत चुकीं अनाहत आगामी इंटरनेशनल इवेंट्स में स्वर्ण की दौड़ में होंगी। स्क्वैश इंडिया की मेहनत रंग ला रही है।