झारखंड की राजधानी रांची में पूर्व कप्तान एमएस धोनी की काली मर्सिडीज स्पीडिंग में पकड़ी गई। कांके क्षेत्र के कैमरों ने वाहन को लिमिट से ज्यादा तेज जाते रिकॉर्ड किया, जिसके बाद 1000 रुपये का ई-चालान जारी हो गया। ट्रैफिक नियमों का यह उल्लंघन मोटर वाहन अधिनियम के तहत कार्रवाई का विषय बना।
नियमों में कोई भेदभाव नहीं—ट्रैफिक विभाग ने कहा कि धोनी जैसे प्रसिद्ध व्यक्ति भी जवाबदेह हैं। रांची निवासी धोनी की गैरेज में जीप, मर्सिडीज बेंज जी63, ट्रैकहॉक जैसी महंगी गाड़ियां और बाइक्स हैं।
मामले पर धोनी की ओर से चुप्पी बनी हुई है। अलग से, राज्य हाउसिंग बोर्ड ने हरमू कॉलोनी के प्लॉट HIG-10/ए पर व्यावसायिक उपयोग का नोटिस भेजा। आवासीय उद्देश्य वाले प्लॉट पर पैथोलॉजी लैब के संचालन की जानकारी मिली, जिस पर 15 दिनों में जवाब चाहिए।
सड़क सुरक्षा और संपत्ति नियमों का पालन सभी के लिए जरूरी। धोनी के प्रशंसक इन मामलों पर नजर रखे हुए हैं।