टाटा संस प्रमुख एन चंद्रशेखरन ने ईरान में चल रहे युद्ध पर वैश्विक प्रभाव की आशंका जताई है। जमशेदजी टाटा की 187वीं जयंती समारोह के दौरान जमशेदपुर में उन्होंने कहा कि लंबे संघर्ष से अंतरराष्ट्रीय व्यापार और कच्चे माल की आपूर्ति बाधित हो सकती है।
टाटा स्टील मैदान पर संस्थापक को याद करते हुए चंद्रशेखरन ने शहर민ों को शुभकामनाएं दीं। पत्रकारों से चर्चा में मध्य पूर्व आयात पर जोर दिया। लाइमस्टोन आदि सामग्री के लिए क्षेत्र महत्वपूर्ण है, युद्ध लंबा चला तो चेन, वितरण, लॉजिस्टिक्स और पर्यावरण लक्ष्यों पर खतरा।
फिलहाल टाटा समूह या भारत सुरक्षित है। विश्वव्यापी कर्मियों की हिफाजत सर्वोपरि, सभी क्षेत्रों में सतर्कता बरती जा रही।
नौकरियों के fronto पर उत्साहजनक खबरें। 5-6 सालों में 7 लाख से 11 लाख कर्मचारी, आगे 15 लाख का इरादा। महिलाओं को 30% तक लाने का प्रयास।
आईटी में एआई से नौकरियां नहीं जाएंगी, बल्कि स्टील, वाहन, बैंकिंग में नई सृजेंगी, टीसीएस मजबूत होगा। कार्यक्रम में सीईओ नरेन्द्रन सहित नेता उपस्थित।