आयुर्वेदिक दिनचर्या अपनाकर आप बीमारियों से दूर, ऊर्जावान रह सकते हैं। सुबह जल्दी उठें, गुनगुना पानी पिएं जो आंतें साफ करता है। मुंह की सफाई में दातुन, तेल भस्मीकरण, नस्य और नेत्र धोवन शामिल करें।
तेल मालिश से मांसपेशियां लचीली बनें, रोगप्रतिकारक क्षमता बढ़े। व्यायाम सीमित रखें। स्नान विधि से ताजगी मिले।
आहार में संतुलन रखें—हल्का, पौष्टिक भोजन। रात्रि भोजन हल्का, शीघ्र। सोने की तैयारी में मालिश, संगीत। अच्छी नींद से मन मजबूत। यह नियम जीवनशैली बने, तो स्वास्थ्य चरम पर।