दिल्ली के केंद्र में शुक्रवार को केरल भाजयुमो कार्यकर्ताओं ने सबरीमाला अयप्ता मंदिर के स्वर्ण चोरी कांड को लेकर सोनिया गांधी के आवास पर धमाकेदार प्रदर्शन आयोजित किया। अनुराग ठाकुर के नेतृत्व में यह विरोध कांग्रेस की चुप्पी को चुनौती देता नजर आया, जहां सीबीआई जांच की मांग जोर-शोर से उठी।
रोहित चहल और मनु प्रसाद जैसे नेता सैकड़ों समर्थकों संग उपस्थित थे। ठाकुर ने मंदिर सोने को सांस्कृतिक धरोहर बताते हुए कहा कि इसकी चोरी भक्तों की भावनाओं से खिलवाड़ है। चोरी के सोने को सोनिया को भेंट बनाने के आरोप लगाते हुए उन्होंने कांग्रेस को लूट का सरगना करार दिया।
प्रदर्शन में ‘आस्था बचाओ’, ‘चोरों को फांसी दो’ जैसे नारे गूंजे। ठाकुर ने जिम्मेदारी, जांच प्रगति और कार्रवाई की जानकारी मांगी, साथ ही मंदिरों के लिए सख्त निगरानी की वकालत की। मनु प्रसाद ने इसे लोकतांत्रिक लड़ाई बताया और सच्चाई दबाने पर राष्ट्रीय अभियान की धमकी दी।
भाजपा की आस्था नीति को रेखांकित करते हुए यह घटना दर्शाती है कि धार्मिक मामलों में राजनीतिक टकराव तेज हो रहा है। केरल से निकला यह विवाद अब राष्ट्रीय चर्चा का विषय बन चुका है, जहां पारदर्शिता और भक्ति की लड़ाई निर्णायक मोड़ पर है।