युवाओं को जिम्मेदार नागरिकता की कला सिखाने के उद्देश्य से राजौरी के सरकारी पीजी कॉलेज में ‘माय भारत’ ने ‘विकसित भारत यूथ पार्लियामेंट’ का भव्य जिला स्तरीय आयोजन किया। कार्यक्रम का फोकस ‘आपातकाल के 50 साल: भारतीय लोकतंत्र के लिए सीख’ रहा, जिसने छात्रों को ऐतिहासिक घटनाओं पर विचार करने का मौका दिया।
भाषणों में प्रतिभागियों ने आपातकाल के दौरान लोकतंत्र पर पड़े आघात को उजागर किया। उन्होंने संवैधानिक मूल्यों की अक्षुण्णता, जनता की सक्रिय भूमिका और सत्ता संतुलन पर जोर दिया, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं न हों।
मूल्यांकनकर्ताओं में डॉ. महमूद बज्जर (पूर्व चिकित्सा अधीक्षक), प्रो. बशीर अहमद (पूर्व प्राचार्य), संदीप शर्मा (जिला अधिकारी), विक्रांत शर्मा (युवा सम्मानित) और सोफिया शाहीन (डॉ. प्रमुख) शामिल हुए। मूल्यांकन मानदंडों में विषय ज्ञान, प्रस्तुति शैली तथा लोकतांत्रिक दृष्टिकोण प्रमुख रहे।
नितिन हंगलू (माय भारत उप निदेशक) और डॉ. खलीक अहमद (एनएसएस कार्यक्रम अधिकारी) ने कार्यक्रम का बेहतरीन संचालन किया। मुख्य अतिथि डॉ. अनवार शाह प्राचार्य थे, साथ ही अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे।
जिले के टॉप 10 प्रतिभागी राज्य स्तर पर अपनी प्रतिभा दिखाएंगे, जहां से शीर्ष 3 राष्ट्रीय संसद में पहुंचेंगे। यह प्रक्रिया युवाओं को ‘विकसित भारत’ के निर्माण में योगदान देने का सुनहरा अवसर प्रदान करती है।