दिल्ली विधानसभा अध्यक्ष विजेंद्र गुप्ता ने रविवार को एक महत्वपूर्ण सलाह जारी की। उन्होंने विधायकों से आठवीं विधानसभा की समितियों की बैठकों में नियमित और सक्रिय रूप से भाग लेने को कहा। समितियां विधायी निरीक्षण का आधार हैं, जो सदस्यों की गंभीरता पर निर्भर करती हैं।
बयान में कहा गया कि प्रशासनिक कार्यों और जनता की जवाबदेही सुनिश्चित करने में समितियों की भूमिका सराहनीय है। अध्यक्ष ने उल्लेख किया कि सदस्यों की सकारात्मक सहभागिता से सिफारिशें व्यापक और कारगर सिद्ध होती हैं।
समिति चर्चाओं में विभागाध्यक्षों की भागीदारी आवश्यक है, जो तथ्यों से परिपूर्ण बहस सुनिश्चित करती है। इससे निर्णय प्रक्रिया सुगम बनती है।
सामान्य प्रशासन विभाग के आदेशानुसार, सभी सचिव विधानसभा के आह्वान पर उपस्थित हों। यदि संभव न हो तो जानकार वरिष्ठ प्रतिनिधि भेजें और दस्तावेज समयबद्ध उपलब्ध कराएं।
इन कदमों से दिल्ली में विधानसभा समितियों का कार्य अधिक प्रभावी होगा, जो शासन को पारदर्शी बनाने में सहायक सिद्ध होंगे।