उज्जैन के दशहरा मैदान पर 11 से 16 फरवरी तक ‘महाकाल वन मेला’ का भव्य आयोजन होगा। मुख्यमंत्री मोहन यादव इसका उद्घाटन करेंगे। वन विभाग की इस पहल से गैर-लकड़ी वन उत्पादों का संरक्षण व प्रचार होगा। थीम ‘समृद्ध वन, सुखी लोग’ इस मेले का मूल मंत्र है।
यह उज्जैन का पहला वन मेला है जहां एमएफपी पार्क के ‘महाकाल स्मृति उपहार’ का लोकार्पण होगा और ‘महाकाल वन प्रसादम’ शुरू होगा। वनवासी, वन धन केंद्र, सहकारी समितियां, व्यापारी व आयुर्वेदिक कंपनियां स्टॉल लगाएंगी।
मेले में व्यापारिक बैठकें, मुफ्त आयुर्वेदिक ओपीडी, लोक नृत्य-गीत, आदिवासी भोजन विशेष आकर्षण। बच्चों का किड्स जोन, बुजुर्गों के लिए गोल्फ कार्ट, मंदिर से शटल बस, पानी-शौचालय सुविधा, चीता-डायनासोर मॉडल दर्शकों को लुभाएंगे।
मुख्यमंत्री वन अधिकारियों, पन्ना दक्षिण संघ के एमडी व रक्षक को सम्मानित करेंगे। मध्य प्रदेश सरकार की यह योजना वनों को समृद्ध कर लोगों को सशक्त बनाने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगी।