केरल की राजधानी में लग्जरी इलाके में 4.5 करोड़ का जमीन घोटाला सामने आया है। सस्थामंगलम सब-रजिस्ट्रार केएस लक्ष्मी को हिरासत में ले लिया गया। वह इस संगठित अपराध में नौवें नंबर की आरोपी हैं।
जवाहरनगर की डोरा नामक महिला की 14.5 सेंट जमीन और घर को जाली तरीके से हड़पा गया। जनवरी 2023 में पहले मनक्कड पुथुपरम्बु की मेरिन जैकब को गिरवी रखा, जो कथित गोद ली बेटी बताई गई। बाद में मरुथमकुझी के चंद्रसेनन को बेच दिया।
लक्ष्मी पर जाली पंजीकरण में सहयोग, फर्जी आईडी इस्तेमाल और बाहर हस्ताक्षर कराने का आरोप। उन्होंने मुख्य आरोपी मणिकंदन से भारी रिश्वत ली। गवाहों में मणिकंदन, अली, थॉमस और थंबी शामिल।
उनका दावा जांच के बाद टूटा। साइबर सबूतों ने पूरी साजिश खोल दी। महानिरीक्षक का नोटिस भी उनके पक्ष में रिपोर्ट से सवाल उठे।
पुलिस को पूछताछ से बड़े नाम मिलने की संभावना। यह घटना संपत्ति पंजीकरण प्रक्रिया की कमजोरियों को उजागर करती है। डिजिटल सत्यापन और सख्त निगरानी जरूरी है ताकि भविष्य में विदेशी मालिक सुरक्षित रहें। केरल में भूमि माफिया पर लगाम लगाने का समय आ गया है।