इटानगर से शुरू हुई असम राइफल्स व इंडियन कोस्ट गार्ड की जॉइंट बाइक रैली ने सोमवार को पांगसाऊ पास पर अपना विजयी समापन किया, जो एकता व सेवा समन्वय का प्रतीक बनी। अधिकारियों ने इसकी पुष्टि की।
लेफ्टिनेंट कर्नल महेंद्र रावत ने कहा कि ‘समुद्र से पर्वत तक’ रैली का द्वितीय चरण भारत के जल व थल बलों के बीच सहज तालमेल को प्रदर्शित करता है। 3,727 फीट ऊंचा यह दर्रा पटकाई श्रृंखला में भारत-म्यांमार बॉर्डर पर स्थित है।
रैली का अंतिम खंड जयरामपुर से नामपोंग स्कूल तक रहा, जहां प्रतिभागियों ने स्थानीय युवाओं व निवासियों से जुड़ाव बनाया। राष्ट्रप्रेम, अनुशासन पर जोर देते भाषणों के साथ प्रेरक वीडियो दिखाए गए।
पांगसाऊ पर डीआईजी ने रवानगी दी। समापन में बैंड परेड, उपहार विनिमय और म्यांमारवासियों के साथ बातचीत हुई, जिससे अंतरराष्ट्रीय सीमा पर मित्रता गहरी हुई।
रावत ने इसे सेवा एकीकरण व सीमा सद्भाव की मिसाल बताया। इसी कड़ी में अरुणाचल के पूर्वी सियांग में ‘मिशन कृषिवीर’ लॉन्च हुआ, जो सिगार स्टेशन पर स्पीयर कॉर्प्स द्वारा संचालित है।