केंद्र की महत्वाकांक्षी मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना ने किश्तवाड़ के प्रियांशु शर्मा को उद्यमी बना दिया। मिशन युवा स्कीम के अंतर्गत प्राप्त 10 लाख के ऋण से उन्होंने अपना कारोबार शुरू किया, जो आज तीन अन्य लोगों को रोजगार दे रहा है। जम्मू यूनिवर्सिटी से इतिहास में स्नातकोत्तर प्रियांशु ने पढ़ाई के दौरान ही बिजनेस की ठान ली थी।
रोजगार कार्यालय के सहयोग से योजना का लाभ उठाते हुए उन्होंने व्यवसाय की नींव रखी। प्रियांशु ने कहा, ‘यह स्कीम बेरोजगार युवाओं के लिए वरदान है। प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में चलाई जा रही यह पहल आत्मनिर्भर भारत का सपना साकार कर रही है।’
उनका मानना है कि युवा वर्ग को नौकरी की बजाय स्वरोजगार पर ध्यान केंद्रित करना चाहिए। सरकारी योजनाओं का सदुपयोग कर छोटे व्यवसाय शुरू करें, जिससे स्वयं के साथ-साथ दूसरों के लिए भी अवसर पैदा हों।
प्रियांशु की प्रगति किश्तवाड़ में उद्यमिता की लहर ला रही है। ऐसी कहानियां बेरोजगारी घटाने और आर्थिक विकास को गति देने में मील का पत्थर साबित हो रही हैं। युवाओं को आगे बढ़ने का संदेश देते हुए उन्होंने कहा कि राष्ट्र निर्माण में अपनी भूमिका निभाएं।