भाजपा के सुधांशु त्रिवेदी ने नई दिल्ली में प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कर्नाटक कांग्रेस सरकार पर 6,000 करोड़ के शराब कारोबार घोटाले का बम फोड़ा। राज्य के व्यापारियों ने ही आरोप लगाए हैं कि लाइसेंस आबंटन में भ्रष्टाचार की बाढ़ आ गई है।
‘कांग्रेस के पास विकास का नहीं, सत्ता संघर्ष का मॉडल है,’ त्रिवेदी ने कटाक्ष किया। रेस्तरां से होटलों तक के आबंटनों के जरिए मंत्रियों की जेबें भरी जा रही हैं। भाजपा ने मध्य प्रदेश में बालिकाओं के लिए क्रांतिकारी कदम उठाए और कर्नाटक में किसानों को ब्याज रहित कर्ज दिया था।
कांग्रेस शासित हर राज्य में आंतरिक कलह हावी है। कर्नाटक को भारी जनादेश मिला, लेकिन धोखा मिला। राजस्थान-मध्य प्रदेश में भी यही कहानी।
बंगाल हाईकोर्ट के फैसले का हवाला देते हुए त्रिवेदी ने कहा कि टीएमसी ने घुसपैठियों के वोटों के लिए सीमा सुरक्षा को दांव पर लगा दिया। 2026 तक जमीन साफ करने का आदेश मिला है। बंगाल भाजपा को आशीर्वाद देगा।
त्रिवेदी के बयान ने राजनीतिक बहस को नई ऊंचाई दी है, जहां विकास बनाम भ्रष्टाचार की लड़ाई तेज हो गई है।