दिल्ली के राउज एवेन्यू कोर्ट ने अरविंद केजरीवाल और अमानतुल्लाह खान को ईडी के समन से जुड़े मामलों में क्लीन चिट दे दी। मजिस्ट्रेट पारस दलाल के आदेश से पूर्व सीएम को शराब नीति जांच में राहत मिली।
ईडी ने फरवरी 2024 में केजरीवाल के खिलाफ कोर्ट में शिकायत दर्ज की थी, जिसमें पीएमएलए समन की अवहेलना का आरोप था। पांच नोटिस के बावजूद पेश न होने पर कार्रवाई की मांग की गई। आबकारी नीति में ‘साउथ ग्रुप’ के कथित रिश्वतखोरी का केंद्र है मामला।
यह जांच सीबीआई की एफआईआर से उपजी, जो 20 जुलाई 2022 को एलजी सक्सेना की शिकायत पर दर्ज हुई। ईडी ने मनी लॉन्ड्रिंग केस जोड़ा और केजरीवाल को गिरफ्तार किया, लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने जमानत पर रिहा किया।
खान को दिल्ली वक्फ बोर्ड के मनी लॉन्ड्रिंग केस में बरी किया गया।
आप नेता इसे राजनीतिक साजिश के खिलाफ जीत बता रहे हैं। कोर्ट का यह कदम एजेंसी की शक्तियों पर सवाल उठाता है। मूल घोटाले की सुनवाई लंबित है, लेकिन समन मामला खत्म।
राजनीतिक हलचल तेज हो गई है, क्योंकि यह फैसला विपक्ष को हौसला देता है। भविष्य में ऐसे केसों पर असर पड़ सकता है।