पाकिस्तान स्थित लश्कर-ए-तैयबा की पश्चिम बंगाल में भर्ती रणनीति को झटका देते हुए एनआईए अदालत ने सैयद एम इदरीस को 10 साल की सजा दी। कट्टरपंथीकरण के जरिए युवाओं को भारत विरोधी जिहाद के लिए तैयार करने का यह कांड विफल हुआ।
आईपीसी-यूएपीए के तहत दोषसिद्धि पर 70 हजार जुर्माना। कोलकाता कोर्ट का यह निर्णय सुरक्षा एजेंसियों की सतर्कता को दर्शाता है।
2020 में एनआईए को मिला केस। इदरीस को अल्ताफ राथर के साथ पकड़ा। तानिया परवीन की पूर्व गिरफ्तारी से जिहादी सामग्री जब्त। सोशल मीडिया पर भर्ती का खुलासा।
पाकिस्तानी फरार आयशा व बिलाल पर इंटरपोल नोटिस। बाकी आरोपी अदालत में। एनआईए आतंकी मॉड्यूल्स पर नजर बनाए रखेगी, सख्ती जारी रहेगी।