देश की प्रमुख लो-कॉस्ट एयरलाइन इंदिगो को नियमों का उल्लंघन करने पर नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने 22.20 करोड़ रुपये का भारी जुर्माना लगाया है। मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि यह निर्णय विस्तृत जांच के बाद लिया गया है।
जांच रिपोर्ट में पाया गया कि इंदिगो ने विमान रखरखाव, चालक दल प्रशिक्षण और उड़ान संचालन के दिशानिर्देशों का बार-बार उल्लंघन किया। दिल्ली, मुंबई समेत कई हवाई अड्डों पर हुई अनियमितताओं ने यात्रियों को भारी असुविधा पहुंचाई।
जुर्माने में रखरखाव लॉग्स में त्रुटियां, ईंधन प्रबंधन की कमियां और देरी की सूचना न देना जैसे 40 से ज्यादा मामले शामिल हैं। मंत्रालय ने चेतावनी दी, ‘सुरक्षा में कोई समझौता बर्दाश्त नहीं होगा।’
इंदिगो को सुधारात्मक कदम उठाने होंगे, जिसमें नई तकनीक और प्रशिक्षण पर निवेश शामिल है। बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि यह एयरलाइन की वित्तीय स्थिति झेल लेगी, लेकिन टिकट दरों पर असर पड़ सकता है।
यह कार्रवाई पूरे विमानन उद्योग के लिए संदेश है। यात्रियों को अब बेहतर सेवाएं मिलेंगी और उड्डयन मंत्रालय की निगरानी और मजबूत होगी। भविष्य में ऐसी सख्ती से क्षेत्र और पारदर्शी बनेगा।