करूर में हुई भयावह भगदड़ के मामले में सीबीआई ने टीवीके प्रमुख विजय को पूछताछ के लिए तलब किया है। महारैली के दौरान भीड़ हादसे का शिकार हो गई, जिसमें कई जिंदगियां खत्म हो गईं। यह कदम राजनीतिक हलकों में हंगामा मचा रहा है।
रैली स्थल पर अपर्याप्त बैरिकेडिंग, सुरक्षा बलों की कमी और भीड़ अनुमान में चूक से हाहाकार मच गया। घायलों की संख्या बढ़ती गई और बचाव कार्यों में देरी हुई। प्रारंभिक रिपोर्ट्स ने आयोजकों की लापरवाही को जिम्मेदार ठहराया है।
अभिनेता से राजनेता बने विजय का राजनीतिक सफर अब मुश्किल दौर से गुजर रहा है। टीवीके ने भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज बुलंद की थी, लेकिन यह हादसा पार्टी की छवि पर सेंक मार गया। सीबीआई फंडिंग, संचार रिकॉर्ड और निर्णय प्रक्रिया की जांच करेगी।
विजय के समर्थक इसे सत्ताधारी दलों की चाल बता रहे हैं, वहीं पीड़ित परिवार न्याय की उम्मीद में हैं। तमिलनाडु में आगामी चुनावों से पहले यह घटना सभी पार्टियों के लिए चेतावनी है। भीड़ प्रबंधन में तकनीक का इस्तेमाल और सख्त सुरक्षा प्रोटोकॉल जरूरी हो गए हैं। पूछताछ के नतीजे विजय के राजनीतिक करियर का फैसला करेंगे।