नागपुर में रैली को संबोधित करते हुए महाराष्ट्र कांग्रेस प्रमुख ने भाजपा-एनसीपी को चुनौती दी कि सत्ता छोड़कर साबित करें अपनी बात। ‘सत्ता में बैठे आरोप लगाना आसान है, लेकिन जनता अब जाग चुकी है,’ उन्होंने जोर देकर कहा।
चव्हाण ने सिंचाई परियोजनाओं की ठप्पी, युवाओं की बेरोजगारी और किसान संकट पर गठबंधन की नाकामी गिनाई। ‘अगर इतने ही साफ हो तो इस्तीफा दो और चुनाव लड़ो। जनता फैसला लेगी।’
विश्लेषकों का मानना है कि यह बयान विपक्ष को मजबूत करने की कवायद है। सत्ताधारी दलों ने पलटवार किया, लेकिन गठबंधन में दरार साफ नजर आ रही है। आने वाले दिनों में महाराष्ट्र राजनीति में बड़े उलटफेर की संभावना है।