सबरीमाला मंदिर के सोना चोरी मामले ने तहलका मचा दिया है। एसआईटी की विस्तृत रिपोर्ट में तंत्री पर उंगलियां उठाई गई हैं, जिसमें उनके रस्मों के दौरान की गतिविधियों पर शक जताया गया है। गर्भगृह से गायब हुए ऐतिहासिक सोने के गहनों की कीमत करोड़ों में आंकी गई है।
रिपोर्ट में सीसीटीवी की अंधी जगहें, ताले बदलने और तंत्री द्वारा ड्यूटी सौंपने जैसे मुद्दे उजागर हुए हैं। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि ये लापरवाहियां जानबूझकर की गई लगती हैं। हाईकोर्ट को सौंपी गई 200 पेज की यह रिपोर्ट फोरेंसिक साक्ष्यों से भरी पड़ी है।
सोशल मीडिया पर बहस छिड़ गई है और भक्त तंत्री के निलंबन की मांग कर रहे हैं। विपक्ष ने इसे साजिश करार दिया है, जबकि मंदिर बोर्ड ने सफाई दी है। इस विवाद ने परंपराओं और आधुनिक सुरक्षा के बीच टकराव उजागर कर दिया है।
न्यायिक प्रक्रिया आगे बढ़ रही है। क्या यह मामला मंदिर प्रबंधन में क्रांति लाएगा? भक्तों की निगाहें सबरीमाला पर टिकी हैं।