भागमभाग वाली ज़िंदगी में महिलाओं के पास सेहत के लिए वक्त कहां? सूर्य नमस्कार इस कमी को पूरा करता है—सुबह के कुछ मिनटों में हार्मोन ठीक, नींद सुकून भरी, शरीर चुस्त।
हार्मोन असंतुलन से पीरियड्स बिगड़ते हैं, थकान सताती है। 12 आसनों का यह क्रम ग्रंथियों को उत्तेजित कर रक्त प्रवाह सुधारता है। पीसीओडी, अनियमित चक्र वालों के लिए वरदान। वजन घटाने में भी मददगार।
सांस-प्रश्वास पर फोकस से मन शांत, चिंता कम। रात में गहरी नींद आती है, क्योंकि थकान सही निकलती है।
कंप्यूटर के आगे झुकने से पॉश्चर खराब। सूर्य नमस्कार मसल्स स्ट्रॉन्ग करते हैं, सीधी कमर की आदत डालते हैं। व्यक्तित्व निखरता है।
घर पर आसानी से करें—मैट बिछाएं, 4 राउंड से शुरुआत। सुबह खाली पेट बेस्ट, वरना शाम को। नियमितता से कमाल के नतीजे।