सांसों की तकलीफ से जूझ रहे हैं? ब्रोंकियल अस्थमा में घरघराहट, खांसी, सीने का भारीपन और सांस अटकना आम लक्षण हैं। ठंड, धूल, मिट्टी या एलर्जी ट्रिगर इसे भड़काते हैं।
आयुर्वेदिक दृष्टि से कफ-वात असंतुलन श्वास नलिकाओं को अवरुद्ध करता है। अनुशासित जीवनशैली, आहार सुधार और प्राकृतिक औषधियां इसे काबू में ला सकती हैं।
रातरी भोजन गर्माहटपूर्ण व हल्का हो। कफ बढ़ाने वाले दही, फल, तली चीजें, अम्लरस और शीतल पेय त्यागें। हल्दी वाला दूध, अदरक चाय, शोरबे और गुनगुना जल सेवन निरंतर करें।
प्रभावी नुस्खे: शहद-बहेड़ा चूर्ण दोहरा डोज। कंटकारी जड़ का शहद मिश्रण या काढ़ा। गुनगुने सरसों तेल-सेंधा नमक मालिश छाती पर। भाप-सेवन व कंठ स्नान आरामदायक।
धुएं से कोसों दूर, एलर्जेंस हटाएं, निवास शुद्ध रखें। मानसिक शांति बनाए रखें। चिकित्सक परामर्श जारी, संकट में उचित सहायता। डॉक्टर निर्देशानुसार आयुर्वेद अपनाएं।