युवा पीढ़ी सफेद बालों से परेशान है। पहले यह बुजुर्गों की बात थी, अब किशोरों तक पहुंच गई समस्या। कारण? मेलेनिन उत्पादन रुकना, जो जीन, स्ट्रेस, खराब डाइट और पर्यावरण से प्रभावित होता है।
मेलेनिन बालों को काला-भूरा रंग देता है। जड़ की कोशिकाएं इसे बनाती हैं, लेकिन कमजोरी से सफेदी आ जाती है। आनुवंशिकता तय करती है—परिवारिक इतिहास देखें। एशियाई बाद में ग्रे होते हैं।
डॉक्टर पोषण पर जोर देते हैं। बी12, आयरन की कमी बाल झड़ने या सफेद होने का सबब। मांसाहारी-सभी को हरी सब्जियां, फल, नट्स, दही जरूरी। सप्लीमेंट्स डॉक्टर से लें।
तनाव कोशिकाओं को मारता है। कोर्टिसोल बढ़ने से नुकसान। सिगरेट, मदिरा, जंक फूड कोशिकीय बुढ़ापा लाते हैं। कम सोना भी हानिकारक।
बचाव के उपाय: ध्यान, व्यायाम, स्वस्थ भोजन, प्रदूषण से बचाव। आंवला, करी पत्ता जैसे घरेलू नुस्खे आजमाएं। जीवनशैली बदलें, बाल स्वस्थ रहेंगे।