‘बॉर्डर 2’ की सुपरहिट सफलता से अभिनेता अहान शेट्टी का मन ऊंचे हौसलों से भरा है। फिल्म की जबरदस्त कमाई व समीक्षाओं के बीच उन्होंने साझा किया कि बड़े सीन शूट करने से पूर्व की घबराहट को किन-किन तरकीबों से हैंडल करते हैं।
खास मुलाकात में अहान ने संगीत को अपना रामबाण बताया। नॉइज कैंसलिंग हेडफोन लगाकर वे एकांत में दुबक जाते हैं—चाहे वैन हो या टेंट। सीन की उमंग से तालमेल रखते गीत बजाते हैं। इस तरह बाहरी हल्ला, तनाव का कोलाहल ब्लॉक हो जाता है। फोकस बस प्रदर्शन पर। बेचैनी हमेशा बनी रहती है, लेकिन वे उसे सकारात्मक ऊर्जा में बदल लेते हैं।
नेवी अफसर के रोल में जलमग्न सीनों के लिए अहान ने कमाल की मेहनत की। कोरोना लॉकडाउन में पैडी इंस्ट्रक्टर लाइसेंस लिया, जो सिद्धांत, स्विमिंग पूल व ओपन वॉटर ट्रेनिंग पर आधारित है। स्कूली स्विमर होने से सहजता रही। अनुराग सिंह द्वारा स्क्रिप्ट सुनाने पर जोश चरम पर। दो महीने की कठिन ट्रेनिंग, प्रोफेशनल डाइव टीम व सेफ्टी प्रोटोकॉल ने चमत्कार कर दिखाया। परिणामस्वरूप सीन आकर्षक बने।
1971 युद्ध की बसंतर लड़ाई पर आधारित यह फिल्म पंजाब-जम्मू क्षेत्र की रक्षा की गाथा है। सनी देओल, दिलजीत व वरुण धवन संग अहान का योगदान ऐतिहासिक।
उनकी रणनीति साबित करती है कि मानसिक मजबूती सफलता की कुंजी है। ‘बॉर्डर 2’ का जलवा लंबा चलेगा।