बालोद जिले के गुरूर ब्लॉक के जंगलों के बीच बसे भेजा जंगली गांव में शिक्षा का नया दौर शुरू हो गया। रिटायर्ड आईएएस एनपी सिंह ने तथागत ग्लोबल गुरुकुलम का भूमिपूजन कर एक बड़ा संकल्प लिया। जीआर राणा के सान्निध्य में जकवार फाउंडेशन और तथागत ट्रस्ट ने यह भव्य आयोजन किया, जिसमें आदिवासी बंधुओं की भारी भीड़ उमड़ी।
पूजा-अर्चना से शुभारंभ हुआ, जिसमें राजा राव बाबा व कंकालीन माता का आह्वान किया गया। शहीद वीर नारायण सिंह को नमन के बाद सिंह ने संबोधित किया। उन्होंने कहा कि गांव के नौनिहालों को शहरों जैसी शिक्षा देकर ही राष्ट्र निर्माण संभव है। यह गुरुकुल आदिवासी युवाओं के सशक्तिकरण का माध्यम बनेगा।
बड़े शहरों के प्रतिष्ठित विद्यालयों की तर्ज पर यहां गुणवत्तापूर्ण निःशुल्क शिक्षा दी जाएगी। संस्कार, करियर गाइडेंस, केंद्रीय सेनाओं की तैयारी, व्यावसायिक प्रशिक्षण और महिला सशक्तिकरण पर जोर रहेगा। कार्य प्रारंभ फरवरी में होगा, उद्घाटन राजा राव पठार पर निर्धारित है। कई आईएएस-आईपीएस यहीं से निकलेंगे, ऐसा विश्वास है।
इससे भेजा जंगली के साथ 12 गांव लाभान्वित होंगे। वन क्षेत्र में खुशी की लहर दौड़ गई। ग्राम सरपंच शीला यादव सहित प्रमुख जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति ने आयोजन को और भव्य बना दिया। यह प्रयास ग्रामीण भारत की प्रगति का नया अध्याय रचेगा।