Close Menu

    Subscribe to Updates

    Get the latest creative news from FooBar about art, design and business.

    What's Hot

    दिल्ली मेट्रो का नया अध्याय: फेज-V(ए) पर सीएम की स्वीकृति

    February 11, 2026

    500 मिलियन डॉलर निवेश के साथ भारत के 400+ स्पेस स्टार्टअप चमक रहे

    February 11, 2026

    वीर दास के संसद जिक्र पर बनर्जी का व्यंग्य, पीआर का मौका बताया

    February 11, 2026
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Indian Samachar
    • World
    • India
      • Chhattisgarh
      • Jharkhand
      • Madhya Pradesh
      • Bihar
    • Entertainment
    • Tech
    • Business
    • Health
    • Articles
    • Sports
    Indian Samachar
    Home»Business»स्टेबलकॉइन योजना से पाक रुपये की चरमराती स्थिति: विश्लेषण
    Business

    स्टेबलकॉइन योजना से पाक रुपये की चरमराती स्थिति: विश्लेषण

    Indian SamacharBy Indian SamacharFebruary 11, 20261 Min Read
    Share Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email WhatsApp Copy Link
    पाक
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email Copy Link

    अमेरिकी फर्म वर्ल्ड लिबर्टी फाइनेंशियल संग साझेदारी में डॉलर-आधारित स्टेबलकॉइन लाने की पाकिस्तान की महत्वाकांक्षा अर्थतंत्र को नुकसान पहुंचा सकती है। रिपोर्ट चेताती है कि इससे डॉलर पर निर्भरता बढ़ेगी, पाकिस्तानी रुपया ढहने की कगार पर पहुंचेगा और वित्तीय ढांचा हिलेगा।

    डेली मिरर के विश्लेषण के मुताबिक, ये स्टेबलकॉइन डॉलर को संरक्षण और आदान-प्रदान का पसंदीदा बनाते हैं। नतीजा? जनता रुपये से मुंह मोड़ेगी, डॉलर की लोकप्रियता चढ़ेगी।

    इससे विनिमय बाजार में प्रतिस्थापन का दबाव बनेगा, जो रुपये को अवमूल्यन के भंवर में फेंक सकता है। बार-बार की महंगाई, गिरावट और आईएमएफ निर्भरता ने पहले ही विश्वास डगमगा दिया है।

    “भुगतान घाटा और नीतिगत बंधनों वाले देश में यह कदम स्थिरता नहीं, अस्थिरता लाएगा,” रिपोर्ट चेताती है।

    बैंकों से तरलता का पलायन मौद्रिक नीति को कमजोर करेगा। पाकिस्तान के बैंक-केंद्रित तंत्र में ब्याज बदलाव अप्रभावी होंगे, प्रबंधन जटिल।

    क्रिप्टो-विरोधी स्टेट बैंक का यह सौदा—ट्रंप कनेक्शन वाला—विदेशी नियंत्रण को वैधता देता है, आंतरिक लॉबिंग से प्रेरित।

    आईएमएफ की चेतावनी: जमा लीकेज से ढांचा कमजोर। बीआईएस: संप्रभुता खतरे में। स्टेबलकॉइन निजी कर्ज हैं, जिनकी मजबूती विदेशी जारीकर्ता पर निर्भर—पाकिस्तान के बूते से बाहर।

    नीतिनिर्माताओं को जोखिम आंकना जरूरी, वरना आर्थिक संकट गहरा सकता है।

    Currency substitution Dollar pegged crypto Economic instability Pakistan IMF warnings crypto Pakistan stablecoin Pakistani rupee State Bank Pakistan World Liberty Financial
    Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email WhatsApp Copy Link

    Related Posts

    Business

    इक्विटी बनाम प्रेफरेंस शेयर: निवेश के लिए सही विकल्प कौन?

    February 11, 2026
    Business

    शेयर बाजार सपाट, हेल्थकेयर व ऑटो सेक्टर चमके

    February 11, 2026
    Business

    अमेरिका के साथ ट्रेड डील से टैरिफ घटकर 12-13% हो सकते हैं: रिपोर्ट

    February 11, 2026
    Business

    उत्तर प्रदेश बजट: उद्योग, रोजगार और डिजिटल भारत पर फोकस

    February 11, 2026
    Business

    गोल्ड-चांदी ईटीएफ ने तोड़े रिकॉर्ड, जनवरी में 3 लाख करोड़ एयूएम

    February 11, 2026
    Business

    सेंसेक्स-निफ्टी फिर हरे निशान पर, ऑटो शेयरों ने दिखाई ताकत

    February 11, 2026
    -Advertisement-
    © 2026 Indian Samachar. All Rights Reserved.
    • About Us
    • Contact Us
    • Privacy Policy
    • Terms and Conditions

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.