Close Menu

    Subscribe to Updates

    Get the latest creative news from FooBar about art, design and business.

    What's Hot

    नेपाल कप्तान रोहित पौडेल: स्कॉटलैंड पर ऐतिहासिक जीत ने तोड़ा 10 साल का सूखा

    February 18, 2026

    बीजेपी का डीएमके बजट पर हमला: तमिलनाडु को कर्ज के दलदल में धकेल रहा है अंतरिम बजट

    February 18, 2026

    आरजेडी नेता पुत्र ने मुजफ्फरपुर में पुलिसकर्मी को मारी गोली, एनकाउंटर में अरेस्ट

    February 18, 2026
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Indian Samachar
    • World
    • India
      • Chhattisgarh
      • Jharkhand
      • Madhya Pradesh
      • Bihar
    • Entertainment
    • Tech
    • Business
    • Health
    • Articles
    • Sports
    Indian Samachar
    Home»Auto»रैपिडो पर 10 लाख का जुर्माना: भ्रामक विज्ञापन बने मुसीबत
    Auto

    रैपिडो पर 10 लाख का जुर्माना: भ्रामक विज्ञापन बने मुसीबत

    Indian SamacharBy Indian SamacharAugust 21, 20252 Mins Read
    Share Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email WhatsApp Copy Link
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email Copy Link

    अगर आप ऑफिस, कॉलेज या छोटी दूरी की यात्रा के लिए बाइक या टैक्सी का उपयोग करते हैं, तो रैपिडो आपके लिए जाना-पहचाना नाम होगा। कई बार, रैपिडो ऐसे विज्ञापन चलाता है जो लोगों को आकर्षित करते हैं, लेकिन अक्सर ये वादे पूरे नहीं होते। अब, भ्रामक विज्ञापनों के कारण रैपिडो पर 10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है।

    आजकल रैपिडो शहरों में लोकप्रिय है, और कंपनी ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए नए ऑफर और विज्ञापन देती है। लेकिन कई बार, ये विज्ञापन झूठे साबित होते हैं। इस पर संज्ञान लेते हुए, केंद्रीय उपभोक्ता संरक्षण प्राधिकरण (CCPA) ने रैपिडो पर 10 लाख रुपये का जुर्माना लगाया है। साथ ही, ग्राहकों को रिफंड देने का आदेश भी दिया गया है।

    CCPA ने रैपिडो पर जुर्माना लगाने का कारण ग्राहकों को दिखाए गए भ्रामक विज्ञापन को बताया है। रैपिडो ने कई ऑफर दिए थे, जैसे कि गारंटीड ऑटो, 5 मिनट में ऑटो, और ₹50 कैशबैक। कंपनी ने ये विज्ञापन कई शहरों में चलाए, लेकिन ग्राहकों ने शिकायत की कि वादे पूरे नहीं हुए।

    जून 2024 से अब तक रैपिडो के खिलाफ कई शिकायतें दर्ज की गई हैं। यूज़र्स ने आरोप लगाया है कि रैपिडो समय पर राइड उपलब्ध नहीं कराता और न ही कैशबैक देता है। कई शिकायतें ड्राइवर के व्यवहार और रिफंड न मिलने से भी जुड़ी रही हैं।

    सबसे बड़ी समस्या ₹50 कैशबैक ऑफर में सामने आई, जिसमें विज्ञापन में इसे नकद कैशबैक बताया गया, जबकि रैपिडो यूज़र्स को केवल कॉइन्स देता था। ये कॉइन्स केवल अगली राइड में इस्तेमाल किए जा सकते थे, और उनकी समय सीमा भी 7 दिन थी। CCPA ने इसे भ्रामक विज्ञापन मानते हुए कंपनी को सख्त निर्देश दिए हैं। अब रैपिडो को सभी ग्राहकों को असली ₹50 कैशबैक लौटाना होगा और गुमराह करने वाले विज्ञापनों को तुरंत बंद करना होगा। कंपनी को 15 दिनों के अंदर CCPA को अनुपालन रिपोर्ट देनी होगी। यह फैसला दिखाता है कि अब कंपनियों को झूठे वादे करना महंगा पड़ सकता है।

    Advertising Standards Cashback CCPA Consumer Protection Consumer Rights Fine Fraudulent Practices Misleading Ads Rapido Refunds
    Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email WhatsApp Copy Link

    Related Posts

    Business

    52 करोड़ रिफंड की जीत: एनसीएच ने साधी उपभोक्ताओं की फरियाद

    February 17, 2026
    Tech

    खराब खिलौनों की बिक्री पर स्नैपडील को सीसीपीए की 5 लाख की सजा

    February 16, 2026
    India

    उपभोक्ता हेल्पलाइन की दमदार पहल: 45 करोड़ की वापसी, 67 हजार से अधिक शिकायतें सुलझीं

    December 28, 2025
    India

    इंडिगो ने रद्द/बदली बुकिंग पर लिया बड़ा फैसला, यात्रियों को राहत

    December 6, 2025
    India

    नए स्मार्टफोन्स में अब ‘संचार साथी’ ऐप जरूरी: जानें सरकारी पहल के फायदे

    December 2, 2025
    Jharkhand

    वनडे टिकट कालाबाजारी का पर्दाफाश: 3 आरोपी हत्थे चढ़े

    November 29, 2025
    -Advertisement-
    © 2026 Indian Samachar. All Rights Reserved.
    • About Us
    • Contact Us
    • Privacy Policy
    • Terms and Conditions

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.