पद्मश्री सैंड आर्टिस्ट सुदर्शन पटनायक ने कंटेम्पररी वेनिस 2026 की 18वीं प्रदर्शनी में भारत का परचम लहराया। विनीशिया के पैलेजो अल्ब्रिजी-कैपेलो में इट्सलिक्विड ग्रुप व एसीईआईटी वेनिस के तत्वावधान में आयोजित इस इवेंट में 30+ देशों के 80 कलाकार शामिल हुए, क्यूरेटर लुका कुरची के नेतृत्व में। पटनायक इकलौते भारतीय कलाकार बने।
उन्होंने ‘जुगलबंदी’ पेंटिंग्स सीरीज लॉन्च की—रेत व रंगों का कैनवास पर अद्भुत संयोजन। यह उनके कला जीवन का आईना है, चित्रकारी के शुरुआती दिनों से रेत कला की विश्व प्रसिद्धि तक।
कृतियों में प्रकृति-मानव संवाद, भावनात्मक गहराई, पर्यावरण संतुलन व धरती के प्रति दायित्व झलकते हैं। पांच सालों की मेहनत से बनीं ये मिक्स्ड मीडिया कृतियां मुंबई से दिल्ली तक प्रदर्शनियों में हिट रहीं।
उद्घाटन समारोह में दर्शक व कलाकार मंत्रमुग्ध। कुरची व ग्रुप डायरेक्टर ने सराही। पटनायक की कला पर्यावरण जागृति, सांस्कृतिक एकता व वैश्विक उत्तरदायित्व का प्रतीक बनी।
नीलाद्री बीच के रेत चित्रकार पटनायक ने क्रिसमस पर विशाल सांता क्लॉस बनाकर विश्व रिकॉर्ड जोड़ा। वेनिस सफलता से भारतीय संनाद आर्ट को नई पहचान मिली।